Special Story

16 लाख से अधिक किसानों ने किया 2 लाख 16 हजार हेक्टेयर रकबा समर्पण, विधानसभा में मंत्री बघेल ने दी जानकारी

16 लाख से अधिक किसानों ने किया 2 लाख 16 हजार हेक्टेयर रकबा समर्पण, विधानसभा में मंत्री बघेल ने दी जानकारी

Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। विधानसभा के बजट सत्र में आज खाद्य नागरिक आपूर्ति मंत्री…

सरकार की नीति, नीयत, कार्यक्रम और योजनाएं दिखती हैं बजट में : उपमुख्यमंत्री अरूण साव

सरकार की नीति, नीयत, कार्यक्रम और योजनाएं दिखती हैं बजट में : उपमुख्यमंत्री अरूण साव

Shiv Mar 10, 2026 6 min read

रायपुर।  छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज उप मुख्यमंत्री अरुण साव के…

तहसीलदार और नायब तहसीलदारों का हुआ तबादला, देखें लिस्ट…

तहसीलदार और नायब तहसीलदारों का हुआ तबादला, देखें लिस्ट…

Shiv Mar 9, 2026 2 min read

बिलासपुर। जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से…

March 10, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

फ्लोरा मैक्स घोटाले से प्रभावित महिलाओं ने मंत्री रामविचार नेताम का काफिला रोका, किया घेराव

कोरबा। बैंक से लिए लोन को माफ करने की मांग को लेकर आंदोलन कर रही फ्लोरा मैक्स घोटाले से प्रभावित महिलाओं ने रविवार को कोरबा पहुंचे मंत्री रामविचार नेताम का घेराव कर दिया. महिलाएं अपनी लंबित समस्याओं का त्वरित समाधान की मांग कर रहीं थीं. आखिरकार मंत्री के मामले में मुख्यमंत्री से चर्चा कर कार्रवाई के आश्वासन पर महिलाओं ने घेराव समाप्त किया.

घेराव करने वाली महिलाओं से मंत्री रामविचार नेताम ने चर्चा करते हुए कहा कि नेतागिरी करने या सड़क जाम करने से काम नहीं बनेगा. कानून को अपने हाथ में ना ले. जो भी इसमें दोषी हैं जांच कार्रवाई की जाएगी. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि लोन लेने से उन्हें पहले कंपनी के बारे में जानकारी ले लेनी थी. इसके साथ ही उन्होंने कहा कि सरकार हमारी है. बात करके आगे की कार्रवाई की जाएगी. मुख्यमंत्री तक बात पहुंचा दी जाएगी. इस तरह से करीबन एक घंटे की जद्दोजहद के बाद महिलाओं ने मंत्री नेताम को छोड़ा.

चिटफंड कंपनी फ्लोरा मैक्स से प्रभावित जिले की महिलाएं बीते पांच दिनों से नगर के आईटीआई इस इट चौक पर अपनी मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रही हैं. रविवार को सामाजिक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए मंत्री रामविचार नेताम के नगर में आने की खबर सुनकर महिलाएं कार्यक्रम स्थल पर पहुंचकर मंत्री के बात करने की जिद पर अड़ गईं.

हालात तब और गंभीर हो गए जब मंत्री राम विचार नेताम और उनके साथ मौजूद उद्योग मंत्री लखन लाल देवांगन सहित अन्य पदाधिकारी कार्यक्रम समाप्त कर बाहर निकलने की कोशिश करने लगे. महिलाओं ने मंत्री के काफिले को कार्यक्रम स्थल पर ही रोक दिया और मांगों को पूरा करने का दबाव बनाने लगीं. महिलाओं का कहना था कि जब तक उनकी समस्याओं का हल नहीं निकलता, वे मंत्री को यहां से जाने नहीं देंगी. आखिरकार मंत्री ने मुख्यमंत्री से चर्चा कर उनकी समस्याओं के उचित समाधान का आश्वासन देने के बाद मामला शांत हुआ.