Special Story

ACB की बड़ी कार्रवाई, रिश्वत लेते ASI रंगे हाथ गिरफ्तार

ACB की बड़ी कार्रवाई, रिश्वत लेते ASI रंगे हाथ गिरफ्तार

ShivApr 5, 20251 min read

कोरबा। एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) बिलासपुर की टीम ने बड़ी कार्रवाई…

बस्तर अब बंदूक नहीं, विकास की आवाज से जाना जायेगा – केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह

बस्तर अब बंदूक नहीं, विकास की आवाज से जाना जायेगा – केंद्रीय गृहमंत्री अमित शाह

ShivApr 5, 20256 min read

रायपुर।    केन्द्रीय गृह एवं सहकारिता मंत्री अमित शाह ने…

नाबालिग से दुष्कर्म का आरोपी गिरफ्तार

नाबालिग से दुष्कर्म का आरोपी गिरफ्तार

ShivApr 5, 20251 min read

जशपुर।  छत्तीसगढ़ के जशपुर से नाबालिग से दुष्कर्म का मामला…

रायपुर में लड़कियों के गैंग ने अपनी ही सहेली पर किया हमला… जमकर की पिटाई

रायपुर में लड़कियों के गैंग ने अपनी ही सहेली पर किया हमला… जमकर की पिटाई

ShivApr 5, 20252 min read

रायपुर।  राजधानी रायपुर में युवकों का गैंगवॉर तो आम बात…

April 5, 2025

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

श्री राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा का हम सभी साक्षी बन रहे हैं यह हमारे जीवन के लिए सौभाग्य का क्षण है- केदार कश्यप

जगदलपुर। वन मंत्री केदार कश्यप सोमवार सुबह जगदलपुर में संकीर्तन कार्यक्रम में शामिल हुए। श्री राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा के पावन अवसर पर यह कार्यक्रम किया गया। इस मौके पर मंत्री कश्यप ने कहा कि बस्तर में श्री राम मंदिर प्राण प्रतिष्ठा को लेकर खुशी का माहौल है। ये हम सब के लिए सौभाग्य का क्षण है। हम ऐसे समय के साक्षी बन रहे हैं, जब भगवान राम के मंदिर का प्राण प्रतिष्ठा हो रहा है। इसके लिए हमारे पूर्वजों ने लंबे समय तक संघर्ष किया। गोलियां चली, लाठियां खाईं, शहादत दी और उसके बाद आज भगवान राम का मंदिर बन गया है। ये समय हर्ष का विषय है। भगवान राम के ननिहाल छत्तीसगढ़ में भी हर्षोल्लास है।
पूरे बस्तर को दंडकारण्य भूमि के रूप में मानते हैं। यहां पर भगवान राम के पदचरण पड़े थे। इस कारण से बस्तर के पूरे जंगल में कांटा नहीं मिलता, क्योंकि भगवान राम के पद चरण पड़े थे। हम ये भी मानते हैं कि प्रभु राम की कल्पना में जो चित्र सामने आता है, वो राजा के रूप में नहीं, वनवासी की वेशभूषा में दिखाई देते हैं।

श्री राम जब अयोध्या में थे, तब राजा राम के रूप में जाना जाता था, जब प्रभु प्रभु ने दंडकारण्य की पावन भूमि पर कदम रखा तो उन्हें मर्यादा पुरुषोत्तम राम के रूप में पहचान मिली। आज राम मंदिर निर्माण की खुशी में बस्तर सहित पूरे छत्तीसगढ़ के लोग शामिल हो रहे हैं, ये बहुत हर्ष का विषय है।