Special Story

दुर्ग में 5 एकड़ में अवैध अफीम की खेती का खुलासा, पौधे उखाड़ने की कार्रवाई शुरू

दुर्ग में 5 एकड़ में अवैध अफीम की खेती का खुलासा, पौधे उखाड़ने की कार्रवाई शुरू

Shiv Mar 9, 2026 2 min read

दुर्ग। छत्तीसगढ़ के दुर्ग जिले के समोदा में अवैध रूप से…

गैस सिलेंडर के दाम बढ़े, कांग्रेस ने किया विरोध प्रदर्शन, पीएम की फूंका पुतला

गैस सिलेंडर के दाम बढ़े, कांग्रेस ने किया विरोध प्रदर्शन, पीएम की फूंका पुतला

Shiv Mar 9, 2026 1 min read

राजनांदगांव। देश भर में 7 मार्च से घरेलू में 60 रुपए…

शराब पर सियासत गर्म : भूपेश बघेल ने पोस्ट किया वीडियो, लिखा- बियर के अंदर बियर

शराब पर सियासत गर्म : भूपेश बघेल ने पोस्ट किया वीडियो, लिखा- बियर के अंदर बियर

Shiv Mar 8, 2026 2 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ के पूर्व मुख्यमंत्री भूपेश बघेलने रविवार को सोशल मीडिया…

चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के अधिवेशन में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

चन्द्रनाहू कुर्मी क्षत्रिय समाज के अधिवेशन में शामिल हुए मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय

Shiv Mar 8, 2026 3 min read

रायपुर। जब समाज स्वयं अपने बच्चों की शिक्षा की जिम्मेदारी…

महतारी वंदन योजना से मातृशक्ति को मिला आर्थिक संबल : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

महतारी वंदन योजना से मातृशक्ति को मिला आर्थिक संबल : मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

Shiv Mar 8, 2026 8 min read

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस के…

March 9, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

दीपावली-छठ पर ट्रेनें फुल, पूजा स्पेशल बने यात्रियों का सहारा, देखिये ट्रेनों का क्या है हाल

रायपुर।   दीपावली और छठ जैसे बड़े त्योहारों के नजदीक आते ही छत्तीसगढ़ से बाहर काम करने और पढ़ने वाले हजारों लोग अपने घर लौटने की तैयारी करते हैं। लेकिन इस बार भी सफर आसान नहीं होगा। रेलवे की नियमित गाड़ियां लगभग पूरी तरह भर चुकी हैं और जिन यात्रियों ने समय रहते टिकट नहीं कराया, उनके पास अब केवल पूजा स्पेशल ट्रेनों का ही विकल्प बचा है।

मुंबई रूट की प्रमुख ट्रेनें फुल

छत्तीसगढ़ से बड़ी संख्या में लोग मुंबई, पुणे, ठाणे, कल्याण और वसई-विरार जैसे शहरों में काम करते हैं। त्योहारों पर घर लौटने की उम्मीद लगाए बैठे यात्रियों के लिए स्थिति निराशाजनक है।

हावड़ा मेल (12809): 11 से 30 अक्टूबर तक नो रूम

एलटीटी-शालीमार (18029): 15 से 30 अक्टूबर तक नो रूम

गीतांजलि एक्सप्रेस (12859): 15 से 30 अक्टूबर तक नो रूम

समरसता सुपरफास्ट (12151): 15 से 30 अक्टूबर तक सभी तारीखों में वेटिंग/नो रूम

हावड़ा रूट पर भी परेशानी

पश्चिम बंगाल के प्रवासी यात्रियों को भी घर लौटने में दिक्कतों का सामना करना पड़ेगा।

हावड़ा-मुंबई मेल (12810): 3 से 15 अक्टूबर तक नो रूम

गीतांजलि (12860): 3 से 13 अक्टूबर तक फुल

शालीमार-एलटीटी (18030): 3 से 13 अक्टूबर तक नो रूम

हावड़ा-अहमदाबाद एक्सप्रेस: लगातार फुल

बिहार और यूपी जाने वालों के लिए भी मुश्किल

छत्तीसगढ़ से बिहार और पूर्वी उत्तर प्रदेश लौटने वाले हजारों यात्रियों के लिए दुर्ग-छपरा सारनाथ एक्सप्रेस (15160) प्रमुख सहारा है। लेकिन अक्टूबर महीने भर इस ट्रेन में भी वेटिंग और नो रूम की स्थिति बनी हुई है।

पूजा स्पेशल ट्रेनें बनीं सहारा

त्योहारों में बढ़ती भीड़ को देखते हुए रेलवे ने यात्रियों की सुविधा के लिए कई पूजा स्पेशल ट्रेनें चलाई हैं। इनमें अभी भी सीटें उपलब्ध हैं

बिलासपुर-हडपसर (पुणे) पूजा स्पेशल (08265/08266)

तारीख: 22 और 23 अक्टूबर

क्लास: एसी सेकंड, एसी थ्री, इकोनॉमी

स्टॉपेज: बिलासपुर, रायपुर, दुर्ग, गोंदिया

बिलासपुर-यलहंका (बेंगलुरु) पूजा स्पेशल (08261/08262)

19 नवंबर तक हर मंगलवार और बुधवार

एसी और स्लीपर क्लास में पर्याप्त सीटें

दुर्ग-सुल्तानपुर पूजा स्पेशल (08763/08764)

30 नवंबर तक हर शनिवार और रविवार

स्टॉपेज: रायपुर, दुर्ग, शहडोल, उमरिया

दुर्ग-हजरत निजामुद्दीन पूजा स्पेशल (08760/08761)

5 अक्टूबर से 24 नवंबर तक हर रविवार और सोमवार

सभी क्लासों में बड़ी संख्या में बर्थ उपलब्ध