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उड़ान योजना और हवाई अड्डों के विस्तार पर संसद की बैठक में उठी चर्चा, सांसद बृजमोहन अग्रवाल ने रखे सुझाव

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Shiv Mar 10, 2026 2 min read

नई दिल्ली/रायपुर।  रायपुर लोकसभा क्षेत्र के सांसद बृजमोहन अग्रवाल मंगलवार…

प्रदेश में नशे के कारोबार पर सरकार सख्त, अफीम खेती मामले में मंत्री का बयान

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Shiv Mar 10, 2026 1 min read

रायपुर। दुर्ग जिले में अफीम की अवैध खेती का मामला…

गैस सिलेंडर हादसे में मुआवजा देना होगा: IOC और SBI इंश्योरेंस की अपील खारिज

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Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ राज्य उपभोक्ता विवाद प्रतितोष आयोग ने गैस सिलेंडर ब्लास्ट…

दुर्ग के बाद अब बलरामपुर में अफीम खेती का मामला सामने आया

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Shiv Mar 10, 2026 1 min read

बलरामपुर। छत्तीसगढ़ में अवैध अफीम की खेती के मामले लगातार सामने…

रायपुर स्मार्ट सिटी के काम की होगी जांच, ध्यानाकर्षण के दौरान मंत्री अरुण साव ने की घोषणा…

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Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के बजट सत्र के दौरान मंगलवार को ध्यानाकर्षण…

March 10, 2026

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जो कहेंगे सच कहेंगे

छत्तीसगढ़ पारिस्थितिकी पुनर्स्थापन नीति पर द्वितीय राज्य स्तरीय परामर्श कार्यशाला, नवा रायपुर में 18 नवंबर को होगा आयोजन

रायपुर। राज्य में पारिस्थितिकी बहाली के लिए एक ठोस नीति तैयार करने के उद्देश्य से छत्तीसगढ़ राज्य वन और जलवायु परिवर्तन विभाग द्वारा एक दिवसीय राज्य स्तरीय परामर्श कार्यशाला का आयोजन किया जा रहा है। यह कार्यशाला 18 नवंबर 2024 को टीसीएच अरण्य भवन, नवा रायपुर में आयोजित होगी, जिसमें राज्य के विभिन्न सरकारी विभागों, विषय विशेषज्ञों, शैक्षिक संस्थानों, गैर सरकारी संगठनों और सामुदायिक प्रतिनिधियों की भागीदारी होगी।

बता दें कि कार्यशाला का मुख्य उद्देश्य छत्तीसगढ़ में पारिस्थितिकी बहाली के प्रमुख क्षेत्रों और रणनीतियों की पहचान करना है, ताकि राज्य में पारिस्थितिकी तंत्र की व्यवस्थित और वैज्ञानिक बहाली सुनिश्चित की जा सके। इसके अलावा, कृषि भूमि, आर्द्रभूमि और गांवों की आम भूमि की पारिस्थितिकी बहाली के लक्ष्यों पर भी आम सहमति बनाने का प्रयास किया जाएगा।

यह मुख्य अतिथि होंगे शामिल

कार्यशाला में प्रयागराज में ICFRE के इको रिहैबिलिटेशन सेंटर वैज्ञानिक और प्रमुख डॉ. संजय सिंह, पंचायत और ग्रामीण विकास विभाग छत्तीसगढ़ के एमजीएनआरईजीएस राज्य कार्यालय में अधीक्षण अभियंता विनय गुप्ता, छत्तीसगढ़ कृषि विभाग के उप निदेशक सतीश अवस्थी और सेवानिवृत्त आईएफएस, पूर्व पीसीसीएफ डॉ. आर. के. सिंह बतौर स्पीकार शामिल होंगे।

गौरतलब है कि कार्यशाला में भाग लेने वाले विशेषज्ञ और हितधारक राज्य की पारिस्थितिकी बहाली नीति को अंतिम रूप देने में विभाग की मदद करेंगे और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में महत्वपूर्ण योगदान देंगे। यह पहल राज्य में पारिस्थितिकी तंत्र के संरक्षण, जलवायु परिवर्तन के प्रभावों को कम करने और समग्र पर्यावरणीय स्थिरता को बढ़ावा देने की दिशा में एक महत्वपूर्ण कदम साबित होगी।

देखें कार्यशाला का शेड्यूल –