Special Story

कोल लेवी प्रकरण में नई चार्जशीट, शेल फर्मों से 40 करोड़ की लेयरिंग का खुलासा

कोल लेवी प्रकरण में नई चार्जशीट, शेल फर्मों से 40 करोड़ की लेयरिंग का खुलासा

Shiv Mar 10, 2026 3 min read

रायपुर। राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण एवं एंटी करप्शन ब्यूरो, रायपुर द्वारा…

साय कैबिनेट का बड़ा निर्णय, धर्मांतरण रोकने के लिए नया विधेयक मंजूर

साय कैबिनेट का बड़ा निर्णय, धर्मांतरण रोकने के लिए नया विधेयक मंजूर

Shiv Mar 10, 2026 3 min read

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज विधानसभा स्थित…

केंद्रीय बलों के खर्च पर सदन में बहस, गृहमंत्री ने वापसी की टाइमलाइन बताई

केंद्रीय बलों के खर्च पर सदन में बहस, गृहमंत्री ने वापसी की टाइमलाइन बताई

Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। विधानसभा में मंगलवार को गृह और पंचायत मंत्री विजय शर्मा…

March 10, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

हड़ताल पर जाएंगे रायपुर नगर निगम के ठेकेदार : तीन माह से लंबित है भुगतान, आयुक्त को पत्र लिखकर दी चेतावनी

रायपुर।    तीन महीने से लंबित भुगतान को लेकर रायपुर नगर निगम के अंतर्गत कार्यरत ठेकेदारों ने निगम आयुक्त अबिनाश मिश्रा को पत्र लिखा है और चेतावनी दी है कि यदि जल्द भुगतान नहीं किया गया तो 22 सितंबर से लगभग 4000 कर्मचारी हड़ताल पर जाएंगे. ठेकेदारों का भुगतान लंबित होने से अब सवाल उठ रहे हैं कि रायपुर नगर निगम में 300 करोड़ से अधिक राजस्व वसूली हुई है. वहीं नगरीय निकाय के कर्मचारी भी अपनी 6 सूत्रीय मांगों को लेकर हड़ताल पर चले गए हैं. इसके चलते कामकाज ठप हो गया है.

दरअसल निगम के 70 वार्डों के 4 हजार से अधिक सफाई , प्लम्बर, ड्राइवर कर्मचारियों के तीन महीने का लगभग 15 से 18 करोड़ रुपए ठेकेदारों को भुगतान नहीं किया गया है. ठेकेदार आयुक्त से मुलाकात करने निगम दफ्तर के चक्कर काटने पर मजबूर हैं, जहां आयुक्त से मुलाकात नहीं होने की वजह से अब ठेकेदार निगम के विरोध में मोर्चा खोलने को तैयार हैं.

एक महीने पहले मिला था आश्वासन, अब तक भुगतान नहीं

ठेकेदारों ने बताया कि एक महीने पहले आयुक्त से मुलाकात कर लंबित भुगतान करने की मांग रखी थी, जिस पर एक हफ्ते का आश्वासन मिला था. महीना बीत जाने के बाद भी अब तक लंबित राशि का भुगतान नहीं किया गया है. इसकी वजह से अब ठेकेदार कर्मचारियों को वेतन देने में असमर्थ हो चुके हैं. उन्होंने यी भी बताया कि 26 अगस्त से आयुक्त अबिनाश मिश्रा से मुलाकात का प्रयास किया जा रहा है, लेकिन निगम कार्यालय में उनकी उपस्थिति नहीं होने से अब तक कोई बातचीत नहीं हो पाई है.

आयुक्त ने दिया था आश्वासन, उपायुक्त ने बिल का दे दिया हवाला

नगर निगम के स्वास्थ्य अधिकारी राजेंद्र गुप्ता ने ठेकेदारों द्वारा बिल पेश नहीं करने को भुगतान नहीं होने का कारण बताया है, जिससे फाइल प्रस्तुत नहीं किया गया है, लेकिन ठेकेदारों से एक माह पहले मुलाकात में आयुक्त अबिनाश मिश्रा ने करोड़ों की लंबित राशि के कुछ हिस्से का भुगतान करने का आश्वासन दिया था. इससे अधिकारियों के बीच समन्वय का अभाव नजर आता है. वहीं इस पर ठेकेदारों का कहना है कि जून महीने का चालान पेश कर बिल लगाया गया था. इसके बावजूद भी अब तक जून माह का भी भुगतान नहीं किया गया है.

कमिश्नर के संज्ञान में डाला जाएगा : महापौर

महापौर एजाज़ ढेबर के मुताबिक पहले भी कर्मचारी हड़ताल पर गए हैं, जिनसे बातचीत करके हड़ताल ख़त्म किया गया है. अब एक बार फिर यही स्थिति बन रही है. ठेकेदारों के लंबित भुगतान की जानकारी मिलने के बाद आयुक्त अबिनाश मिश्रा और अपर आयुक्त से चर्चा की गई, जहां 2 महीने का भुगतान करने का आश्वासन दिया गया था. वर्तमान में चार हज़ार से अधिक कर्मचारी ठेकेदारों की अंतर्गत कार्यरत हैं. कर्मचारियों के हड़ताल पर जाने से स्वच्छता सर्वेक्षण पर बड़ा असर पड़ेगा. ऐसे में कमिश्नर के संज्ञान में डाला जाएगा. यदि फिर भी कोई समाधान नहीं निकलता तो सख्त रुख अपनाया जाएगा.

मामले में जल्द संज्ञान लें अफसर : उपनेता प्रतिपक्ष

उप नेता प्रतिपक्ष मनोज वर्मा ने कहा कि इस विषय पर निगम के अधिकारियों को जल्द से जल्द संज्ञान लेने की आवश्यकता है. चूंकि अब चार महीने से ठेकेदारों को भुगतान नहीं हुआ है. ऐसे में यदि ठेकेदार कर्मचारियों को ही वेतन देना बंद कर दें तो निगम के लिए बड़ी मुसीबत खड़ी हो सकती है.