Special Story

दूध उत्पादन से लेकर चिराग योजना तक सरकार पर विपक्ष के सवाल, मंत्री ने जांच की घोषणा

दूध उत्पादन से लेकर चिराग योजना तक सरकार पर विपक्ष के सवाल, मंत्री ने जांच की घोषणा

Shiv Mar 13, 2026 3 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा बजट सत्र के 10वें दिन सदन में पशुपालन…

मंत्री लखनलाल देवांगन के विभागों के लिए 01 हजार 823 करोड़ रुपए से अधिक की अनुदान मांगें पारित

मंत्री लखनलाल देवांगन के विभागों के लिए 01 हजार 823 करोड़ रुपए से अधिक की अनुदान मांगें पारित

Shiv Mar 12, 2026 5 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज वाणिज्य एवं उद्योग विभाग तथा…

‘प्रदेश को बचाने के लिए सतर्क रहें’— अफीम की खेती पर भूपेश बघेल की चेतावनी

‘प्रदेश को बचाने के लिए सतर्क रहें’— अफीम की खेती पर भूपेश बघेल की चेतावनी

Shiv Mar 12, 2026 1 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ में अफीम की खेती को लेकर पूर्व मुख्यमंत्री…

खेल क्रांति की नई कहानी : बस्तर ओलंपिक के बाद सरगुजा ओलंपिक से हो रहा उत्तर छत्तीसगढ़ में खेल युग की नई शुरुआत

खेल क्रांति की नई कहानी : बस्तर ओलंपिक के बाद सरगुजा ओलंपिक से हो रहा उत्तर छत्तीसगढ़ में खेल युग की नई शुरुआत

Shiv Mar 12, 2026 7 min read

रायपुर। अपनी समृद्ध संस्कृति, प्राकृतिक संपदा और आदिवासी परंपराओं के…

March 13, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रक्षाबंधन पर बहनों को दिया सच्चा तोहफा – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

रायपुर।  मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने प्रधानमंत्री उज्ज्वला योजना के अंतर्गत प्रति LPG सिलेंडर पर ₹300 की सब्सिडी को वित्त वर्ष 2025-26 तक जारी रखने के केंद्रीय मंत्रिमंडल के निर्णय का स्वागत करते हुए इस महत्वपूर्ण निर्णय के लिए प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी को धन्यवाद दिया है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि रक्षाबंधन के इस पावन पर्व पर देश की करोड़ों बहनों के लिए यह एक सच्चे मायनों में मंगलकारी उपहार है। प्रधानमंत्री श्री मोदी ने माताओं-बहनों की रसोई की चिंता समझते हुए, उनके स्वास्थ्य और सुविधा को सर्वोच्च प्राथमिकता दी है। यह निर्णय मातृशक्ति के सम्मान की भावना का जीवंत उदाहरण है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि केंद्र सरकार द्वारा ₹12,000 करोड़ की लागत की इस पहल से 10.33 करोड़ उज्ज्वला लाभार्थी परिवारों को सीधे राहत देगा।

मुख्यमंत्री श्री साय ने कहा कि हमारी माताएँ और बहनें परिवार की रीढ़ हैं। उनके श्रम को सम्मान देना, उनकी चिंता को समझना और उन्हें सुविधा देना सरकार की नैतिक जिम्मेदारी है।

मुख्यमंत्री श्री साय ने केंद्र सरकार के इस फैसले को गरीबों, महिलाओं और ग्रामीण परिवारों के सशक्तिकरण की दिशा में एक महत्वपूर्ण जनकल्याणकारी कदम बताया। उन्होंने कहा कि छत्तीसगढ़ की भी लाखों बहनें इस निर्णय से लाभान्वित होंगी जिससे उनके रसोई के खर्च का बोझ कम होगा, और धुएँ से मुक्त, सुरक्षित व स्वास्थ्यप्रद जीवन प्राप्त होगा।