Special Story

कोल लेवी प्रकरण में नई चार्जशीट, शेल फर्मों से 40 करोड़ की लेयरिंग का खुलासा

कोल लेवी प्रकरण में नई चार्जशीट, शेल फर्मों से 40 करोड़ की लेयरिंग का खुलासा

Shiv Mar 10, 2026 3 min read

रायपुर। राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण एवं एंटी करप्शन ब्यूरो, रायपुर द्वारा…

साय कैबिनेट का बड़ा निर्णय, धर्मांतरण रोकने के लिए नया विधेयक मंजूर

साय कैबिनेट का बड़ा निर्णय, धर्मांतरण रोकने के लिए नया विधेयक मंजूर

Shiv Mar 10, 2026 3 min read

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज विधानसभा स्थित…

केंद्रीय बलों के खर्च पर सदन में बहस, गृहमंत्री ने वापसी की टाइमलाइन बताई

केंद्रीय बलों के खर्च पर सदन में बहस, गृहमंत्री ने वापसी की टाइमलाइन बताई

Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। विधानसभा में मंगलवार को गृह और पंचायत मंत्री विजय शर्मा…

ग्रामीण विकास में सरपंचों की है महत्वपूर्ण भूमिका – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

ग्रामीण विकास में सरपंचों की है महत्वपूर्ण भूमिका – मुख्यमंत्री विष्णु देव साय

Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय से आज छत्तीसगढ़ विधानसभा स्थित…

March 10, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

रसूखदार के आगे पुलिस नतमस्तक, सड़क दुर्घटना में इकलौती बेटी की मौत से गमजदा पिता लगा रहा है न्याय की गुहार…

रायपुर। घटना 1 अगस्त 2024 की है. अपने बीमार पिता के लिए दवाई लेने स्कूटी से जा रही श्रेष्ठा सत्पथी को वीआईपी रोड पर विपरीत दिशा से तेज रफ्तार कार ने जोरदार टक्कर मारी, जिसके बाद अस्पताल में उपचार के दौरान श्रेष्ठा की मौत हो गई. घटना के महीने भर बाद भी जांच आगे नहीं बढ़ने से हताश आभाष सत्पथी ने अपनी बेटी श्रेष्ठा के जन्मदिन पर मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है. 

रायपुर निवासी आभास कुमार सत्पथी अपनी दिवंगत बेटी श्रेष्ठा सत्पथी के जन्मदिन पर मीडिया से रू-ब-रू हुए, और बेटी को न्याय दिलाने के लिए शासन-प्रशासन से गुहार लगाई. आभाष ने बताया कि अस्पताल में डॉक्टरों ने बताया कि अंदरुनी चोटों और अत्यधिक रक्तस्राव के कारण श्रेष्ठा की मौत हो गई.

पोस्टमार्टम के बाद डॉक्टर ने भी पुष्टि की कि छाती और पसलियों पर लगी गहरी चोटों के कारण पसलियों की हड्डियां टूट गई थीं, जिससे उसकी मौत हुई. लेकिन अभी तक उन्हें पोस्ट मार्टम रिपोर्ट नहीं दी गई है. इस संबंध में उन्होंने तेलीबांधा थाने के जांच अधिकारी से कई बार अनुरोध किया, लेकिन रिपोर्ट नहीं दी गई.

वहीं उन्होंने आरोप लगाया कि दुर्घटना कारित करने वाले हेक्टर कार (क्रमांक CG-14-MP-0686) के चालक को जल्द ही जमानत भी मिल गई और दुर्घटनाग्रस्त कार को भी जल्द छोड़ दिया गया, जिससे जांच पर संदेह पैदा होता है. उन्होंने आशंका जताई कि कार चालक के परिवार के राजनीतिक पहुंच के कारण जांच प्रभावित हो रही है.

आभाष सत्पथी ने बताया कि कार चालक पहले भी 20 जुलाई 2024 को खतरनाक ड्राइविंग के लिए पुलिस द्वारा दंडित किया जा चुका था, और उसके 10 दिन बाद उनकी बेटी के साथ दुर्घटना हो गई. उन्होंने मांग की है कि आरोपी का ड्राइविंग लाइसेंस तत्काल रद्द करते हुए मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की जाए, जिससे उन्हें न्याय मिल सके.