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March 9, 2026

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नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने राज्यपाल को लिखा पत्र, शीतकालीन सत्र में पारित इन विधेयकों को बताया असंवैधानिक

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने राज्यपाल रामेन डेका को पत्र लिखकर विधानसभा के शीतकालीन सत्र में पारित दो विधेयकों को असंवैधानिक बताया है। उन्होंने राज्यपाल से इन पर उचित कार्रवाई की मांग की है। डॉ. महंत ने पत्र में बताया कि 19 दिसंबर 2024 को विधानसभा में छत्तीसगढ़ नगर पालिका (संशोधन) विधेयक, 2024 (क्रमांक 11) और छत्तीसगढ़ नगर पालिका (संशोधन) विधेयक, 2024 (क्रमांक 12) पारित किए गए। उन्होंने इन विधेयकों को संविधान के अनुच्छेद 243-प (243-यु) का उल्लंघन करार दिया है।

नेता प्रतिपक्ष डॉ. चरणदास महंत ने राज्यपाल रामेन डेका को लिखे पत्र में बताया कि विपक्ष ने इन दोनों विधेयकों पर विचार-विमर्श से पहले ही इन्हें संविधान के प्रावधानों के खिलाफ बताते हुए आपत्ति दर्ज कराई थी। साथ ही, उच्चतम न्यायालय के निर्णय (राइट पिटीशन संख्या 278/2022, 10 मई 2022) का हवाला देते हुए इन विधेयकों को सदन में प्रस्तुत न करने की अपील की थी। बावजूद इसके, विधेयकों को पारित कर दिया गया।

डॉ. महंत ने पत्र में यह भी बताया कि इन विधेयकों के लागू होने के बाद नगर पालिकाओं के पांच साल की अवधि के भीतर चुनाव कराने की बाध्यता समाप्त हो जाएगी और छह महीने की अतिरिक्त अवधि दी जा सकेगी। उन्होंने इसे संविधान के अनुच्छेद 243-प (3)(क) का उल्लंघन बताते हुए असंवैधानिक करार दिया है। नेता प्रतिपक्ष ने राज्यपाल से आग्रह किया है कि इन विधेयकों पर संवैधानिक प्रावधानों के तहत विचार किया जाए और जरूरी कार्रवाई सुनिश्चित की जाए।

डॉ. चरणदास महंत का राज्यपाल के नाम पत्र