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March 9, 2026

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पत्रकार मुकेश चंद्राकर हत्याकांड: ठेकेदार सुरेश चंद्राकर को हाईकोर्ट से नहीं मिली राहत, याचिका कर दी खारिज

बीजापुर। बीजापुर जिले में चर्चित पत्रकार मुकेश चंद्राकर हत्याकांड से जुड़े ठेकेदार सुरेश चंद्राकर को हाईकोर्ट से बड़ा झटका लगा है। अधूरे सड़क निर्माण कार्य को पूरा करने और ठेका रद्द करने के खिलाफ दायर उनकी याचिका को कोर्ट ने खारिज कर दिया।हाईकोर्ट ने साफ कहा कि वह इस मामले में हस्तक्षेप नहीं करेगा। इसका सीधा मतलब है कि ठेका रद्द करने के आदेश बरकरार रहेंगे।

ठेका और हत्या का विवाद

गौरतलब है कि करोड़ों की लागत वाले जिस सड़क निर्माण के ठेके को लेकर विवाद खड़ा हुआ, उसी ठेकेदार सुरेश चंद्राकर पर पत्रकार मुकेश चंद्राकर की साजिशन हत्या का आरोप भी है। सड़क की लागत लगातार बढ़ती रही, लेकिन काम अधूरा ही रह गया। इस पूरे प्रकरण ने शुरुआत से ही सवालों के घेरे में विभाग और सिस्टम की भूमिका को खड़ा कर दिया था। पत्रकार मुकेश चंद्राकर ने इस मामले में रिपोर्ट दिखायी थी।

जिससे ठेकेदार सुरेश चंद्राकर और उसके गुर्गे नाराज हो गये थे। फिर इसी साल 1 जनवरी को ठेकेदार ने अपने गुर्गों के साथ मिलकर पत्रकार मुकेश चंद्राकर की हत्या कर दी थी। पत्रकार का शव ठेकेदार के ही सेप्टिक टैंक में मिला था। जिसके पुलिस ने आरोपियों की गिरफ्तारी की थी।

पुलिस और पीडब्ल्यूडी विभाग ने अभी तक सभी संदिग्धों को क्लीन चिट नहीं दी है। ऐसे में हाईकोर्ट के ताजा फैसले ने इस जघन्य हत्याकांड और ठेका घोटाले दोनों को फिर से सुर्खियों में ला दिया है। आपको बता दें कि इस मामले में विभाग ने पहले ही आरोपी के सभी वर्क आर्डर कैंसिल कर दिये थे।