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तहसीलदार और नायब तहसीलदारों का हुआ तबादला, देखें लिस्ट…

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Shiv Mar 9, 2026 2 min read

बिलासपुर। जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से…

निर्विरोध राज्यसभा सांसद चुनी गईं लक्ष्मी वर्मा और फूलोदेवी नेताम, विधानसभा पहुंचकर लिया प्रमाण पत्र, समर्थकों ने दी बधाई

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Shiv Mar 9, 2026 2 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ से भाजपा प्रत्याशी लक्ष्मी वर्मा और कांग्रेस प्रत्याशी फूलोदेवी…

अस्पताल परिसर में लगी भीषण आग, आधा दर्जन कंडम एंबुलेंस समेत अन्य वाहन जलकर खाक

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Shiv Mar 9, 2026 1 min read

कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा स्थित जिला मेडिकल कॉलेज अस्पताल परिसर में…

बिलासपुर में अवैध हुक्का बार पर पुलिस की दबिश, होटल मैनेजर गिरफ्तार

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Shiv Mar 9, 2026 2 min read

बिलासपुर। जिले में अवैध रूप से संचालित हुक्का बार पर…

March 9, 2026

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जो कहेंगे सच कहेंगे

आय से अधिक संपत्ति मामले में अदालत का अहम फैसला: सरकारी अधिकारी को सुनाई 5 साल सश्रम कारावास की सजा, लगाया 1 लाख का जुर्माना

रायपुर। आय से अधिक संपत्ति मामले में विशेष न्यायालय (भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम) रायपुर ने नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग में पदस्थ अधीक्षण अभियंता मनोज सिंह ठाकुर को दोषी करार देते हुए 5 वर्ष के सश्रम कारावास और 1 लाख रुपये अर्थदंड की सजा सुनाई है। अर्थदंड अदा न करने पर 1 वर्ष का अतिरिक्त सश्रम कारावास भुगतने का आदेश भी दिया गया है।

ऐसे हुआ खुलासा

एंटी करप्शन ब्यूरो (ACB) ने 20 जुलाई 2015 को विशेष न्यायालय से तलाशी वारंट प्राप्त कर मनोज सिंह ठाकुर के रायपुर स्थित दीनदयाल नगर निवास पर छापा मारा था। इस दौरान सोने-चांदी के आभूषण, नगदी, वाहन, कीमती दस्तावेज, बैंक पासबुक और बीमा पत्रक समेत कई अहम दस्तावेज बरामद किए गए थे। जांच में सामने आया कि मनोज सिंह ठाकुर और उनके परिजनों के नाम पर कुल 71 लाख 22 हजार 771 रुपये की अनुपातहीन संपत्ति दर्ज है।

कोर्ट का कड़ा रुख, भ्रष्टाचार को बताया समाज के लिए घातक

पूरी जांच और सुनवाई के बाद विशेष न्यायालय रायपुर के न्यायाधीश मधुसूदन चंद्राकर ने फैसला सुनाते हुए कहा कि –“वर्तमान समय में भ्रष्टाचार समाज की जड़ों को खोखला कर रहा है। यह देश, प्रदेश और समाज के समुचित विकास को प्रभावित करने वाला एक गंभीर अपराध है। ऐसे मामलों में कठोर दंड आवश्यक है।”