‘टी20 स्पेशलिस्ट’ का टैग नहीं चाहिए, भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलने का है सपना- रिंकू सिंह
स्पोर्ट्स डेस्क। भारतीय क्रिकेट टीम के उभरते हुए सितारे और आईपीएल में कोलकाता नाइट राइडर्स के फिनिशर, रिंकू सिंह ने एक बड़ा खुलासा किया है। एक इंटरव्यू में उन्होंने कहा कि वह खुद को केवल ‘टी20 स्पेशलिस्ट’ के तौर पर नहीं देखते। उनका सबसे बड़ा सपना है भारत के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलना।
T20 स्पेशलिस्ट का टैग पसंद नहीं
रिंकू ने अपनी ताबड़तोड़ बल्लेबाजी से टी20 क्रिकेट में अपनी एक अलग पहचान बनाई है। आईपीएल में गुजरात टाइटंस के खिलाफ एक ओवर में लगातार पांच छक्के जड़कर उन्होंने रातों-रात सुर्खियां बटोरी थीं। लेकिन रिंकू का मानना है कि उन्हें इस ‘टी20 स्पेशलिस्ट’ के टैग में बंधना पसंद नहीं है। उन्होंने कहा, “मुझे पता है कि मैंने टी20 क्रिकेट में अच्छा प्रदर्शन किया है, लेकिन मैं हर फॉर्मेट का खिलाड़ी बनना चाहता हूं। मुझे हमेशा लगता है कि मैं सिर्फ एक टी20 क्रिकेटर नहीं हूं।”
टेस्ट क्रिकेट खेलने का है बड़ा ख्वाब
रिंकू ने आगे बताया कि उनका सबसे बड़ा सपना भारत के लिए लाल गेंद का क्रिकेट खेलना है। उन्होंने कहा, “मेरा सबसे बड़ा सपना भारतीय टीम के लिए टेस्ट क्रिकेट खेलना है। मुझे लगता है कि टेस्ट क्रिकेट ही एक असली क्रिकेटर की पहचान बताता है। यह सबसे कठिन फॉर्मेट है और मैं इसमें खुद को साबित करना चाहता हूं।”
घरेलू क्रिकेट में शानदार प्रदर्शन
रिंकू ने अपनी बात को साबित भी किया है। उत्तर प्रदेश के लिए घरेलू क्रिकेट में उनका रिकॉर्ड शानदार है। उन्होंने फर्स्ट क्लास क्रिकेट में 40 से ज़्यादा के औसत से रन बनाए हैं, जिसमें कई शतक और अर्धशतक शामिल हैं। उनके इस प्रदर्शन से साफ है कि उनमें केवल ताबड़तोड़ बल्लेबाजी ही नहीं, बल्कि लंबी पारी खेलने की क्षमता भी है।
रिंकू सिंह ने अपने बयान से यह साफ कर दिया है कि वह सिर्फ एक फॉर्मेट तक सीमित नहीं रहना चाहते। वह अपनी कड़ी मेहनत और लगन से भारतीय टीम में अपनी जगह बनाना चाहते हैं और अपने सबसे बड़े ख्वाब, यानी टेस्ट क्रिकेट खेलने के सपने को पूरा करना चाहते हैं।






