Special Story

कोल लेवी प्रकरण में नई चार्जशीट, शेल फर्मों से 40 करोड़ की लेयरिंग का खुलासा

कोल लेवी प्रकरण में नई चार्जशीट, शेल फर्मों से 40 करोड़ की लेयरिंग का खुलासा

Shiv Mar 10, 2026 3 min read

रायपुर। राज्य आर्थिक अपराध अन्वेषण एवं एंटी करप्शन ब्यूरो, रायपुर द्वारा…

साय कैबिनेट का बड़ा निर्णय, धर्मांतरण रोकने के लिए नया विधेयक मंजूर

साय कैबिनेट का बड़ा निर्णय, धर्मांतरण रोकने के लिए नया विधेयक मंजूर

Shiv Mar 10, 2026 3 min read

रायपुर। मुख्यमंत्री विष्णु देव साय की अध्यक्षता में आज विधानसभा स्थित…

केंद्रीय बलों के खर्च पर सदन में बहस, गृहमंत्री ने वापसी की टाइमलाइन बताई

केंद्रीय बलों के खर्च पर सदन में बहस, गृहमंत्री ने वापसी की टाइमलाइन बताई

Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। विधानसभा में मंगलवार को गृह और पंचायत मंत्री विजय शर्मा…

March 10, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

सरकार ने खत्म कीं बाधाएं, EOW और ACB अब जुआ एक्ट की सभी धाराओं में कर सकेंगी जांच

रायपुर। छत्‍तीसगढ़ में EOW और ACB की जांच का दायरा अब राज्य सरकार ने बढ़ा दी है। दोनों एजेसियां अब जुआ एक्‍ट की सभी धाराओं में जांच और कार्यवाही कर सकेगी। राज्‍य सरकार ने एजेंसियो को यह अधिकार देने के लिए सरकार ने नियमों में बदलाव किया है। इसको लेकर बाकायदा राज्य सरकार की तरफ से अधिसूचना जारी कर दी गई है। विभागीय अफसरों की मानें तो EOW और ACB अब जुआ एक्‍ट 2022 के तहत राज्य में जांच और कार्यवाही कर सकेगी। राज्‍य सरकार ने दोनों एजेंसियो के अधिकार क्षेत्र में यह बढ़ोतरी महादेव सट्टा एप केस की जांच के लिए की है।

महादेव सट्टा एप में जांच में हो रही थी दिक्कत

उल्लेखनीय है कि, पूववर्ती कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में उजगार हुए इस मामले की जांच EOW और ACB को सौंपी गई है। बताया जाता है कि, ईओडब्‍ल्‍यू-एसीबी के पास अर्थिक अनियमितता और भ्रष्‍टाचार की ही जांच का अधिकार हैं। ऐसे में महादेव सट्टा की जांच में दिक्‍कत हो रही थी। इसे देखते हुए यह बदलाव किया गया है।

EOW और ACB नहीं है राज्‍य पुलिस का हिस्‍सा

आपको बता दें कि, EOW और ACB राज्‍य पुलिस का हिस्‍सा नहीं है। बल्कि यह सामान्‍य प्रशासन विभाग (GAD) के अधीन काम करता है। इस वजह से यह एजेंसी पुलिस को प्राप्‍त सभी अधिकारियों का प्रयोग नहीं कर पाती है।