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तहसीलदारों को पदोन्नति का मौका: डिप्टी कलेक्टर भर्ती में फिर लागू हुआ 50/50 फॉर्मूला

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Shiv Mar 10, 2026 2 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा के सत्र के दौरान प्रशासनिक पदों पर भर्ती और…

March 10, 2026

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नगरीय निकायों को 66.06 करोड़ रुपए की पार्षद निधि जारी…

रायपुर।  नगरीय प्रशासन एवं विकास विभाग ने राज्य के 166 नगरीय निकायों को कुल 66 करोड़ छह लाख रुपए की पार्षद निधि जारी की है। उप मुख्यमंत्री तथा नगरीय प्रशासन मंत्री अरुण साव के अनुमोदन के बाद विभाग ने 14 नगर निगमों को 21 करोड़ 96 लाख रुपए, 48 नगर पालिकाओं को 20 करोड़ 70 लाख रुपए और 104 नगर पंचायतों को 23 करोड़ 40 लाख रुपए की पार्षद निधि जारी की है। नगरीय निकायों के विकास और नागरिकों की मूलभूत आवश्यकताओं को पूरा करने के लिए ये राशि प्रदान की गई है। वार्डों के विकास और आवश्यक कार्यों को पूरा करने के लिए इस निधि का उपयोग किया जाएगा।

नगरीय निकायों को जारी की गई पार्षद निधि की यह राशि चालू वित्तीय वर्ष 2024-25 के लिए निर्धारित कुल निधि का 50 प्रतिशत है। इससे पहले इस वर्ष जुलाई में भी निकायों को 65 करोड़ 72 लाख 24 हजार रुपए का आवंटन जारी किया गया था। पार्षद निधि के रूप में नगर निगमों में प्रत्येक वार्ड के लिए छह लाख रुपए, नगर पालिकाओं में प्रत्येक वार्ड के लिए साढ़े चार लाख रुपए और नगर पंचायतों में प्रत्येक वार्ड के लिए तीन लाख रुपए प्रावधानित है।

उप मुख्यमंत्री तथा विभागीय मंत्री अरुण साव से हाल ही में विभिन्न नगरीय निकायों के पार्षदों ने मुलाकात कर पार्षद निधि की राशि जारी करने की मांग की थी। श्री साव ने उनकी मांग पर त्वरित कार्यवाही करते हुए विभाग को पार्षद निधि जल्द जारी करने के निर्देश दिए थे। उन्होंने नगरीय निकायों को इस निधि का उपयोग पारदर्शिता और जवाबदेही के साथ करने को कहा है। साथ ही सभी कार्यों का क्रियान्वयन वार्डों की आवश्यकताओं को ध्यान में रखते हुए पार्षदों की अनुशंसा से करने के निर्देश दिए हैं।

श्री साव ने उम्मीद जताई है कि पार्षद निधि के माध्यम से वार्ड स्तर पर बुनियादी ढांचे को मजबूती मिलेगी, जिससे नागरिकों के जीवन स्तर में सकारात्मक बदलाव आएगा। सरकार का उद्देश्य सभी को बेहतर नागरिक सुविधाएं उपलब्ध कराना है। उन्होंने पार्षद निधि से कराए जाने वाले सभी कार्यों में गुणवत्ता और समय-सीमा सुनिश्चित करने के निर्देश अधिकारियों को दिए हैं।