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बेटी ने निभाया पुत्र धर्म: समाज की रूढ़ियों को तोड़कर दी मां चिता को अग्नि दी

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ShivApr 4, 20252 min read

खैरागढ़।  बच्चों का कर्तव्य केवल परंपराओं तक सीमित नहीं होता,…

परिवहन पोर्टल के द्वारा घर बैठे बनवाएं लायसेंस और कराएं गाड़ियों का रजिस्ट्रेशन

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ShivApr 4, 20253 min read

रायपुर।   छत्तीसगढ़ शासन, परिवहन विभाग द्वारा आम नागरिकों को दी…

नाला किनारे चल रहा था महुआ शराब कारखाना, पुलिस की दबिश में मिला अवैध शराब का जखीरा

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ShivApr 4, 20252 min read

कोरबा। ऊर्जाधानी में अवैध शराब का कारोबार थमने का नाम ही…

पार्टी के खिलाफ गतिविधियों पर ब्लॉक कांग्रेस अध्यक्ष पर की गई कार्ड, छह साल के लिए किए गए निष्कासित…

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ShivApr 4, 20251 min read

रायपुर। त्रि स्तरीय पंचायत चुनाव के दौरान पार्टी विरोधी गतिविधियों पर…

April 4, 2025

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

कलेक्टर ने डायरिया से बचाव के लिए जिला एवं विकासखंड स्तरीय अधिकारियों की बैठक ली

रायपुर।    मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने कहा है कि वर्षाकाल में होने वाली जनजनित बीमारी डायरिया, मलेरिया की रोकथाम के लिए स्वास्थ्य केंद्रों में लापरवाही बर्दाश्त नहीं की जाएगी। उन्होंने कहा है कि स्वास्थ्य केंद्र में सभी जीवन रक्षक दवाओं का पर्याप्त भण्डारण और आवश्यकतानुसार मरीजों को उपलब्ध कराना सुनिश्चित करें। मुख्यमंत्री श्री साय के निर्देशों के परिपालन में जांजगीर-चांपा कलेक्टर आकाश छिकारा ने आज वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जिले में डायरिया से बचाव के लिए सभी जिला स्तरीय एवं विकासखंड स्तरीय अधिकारियों की बैठक ली। बैठक में उन्होंने डायरिया रोकने के लिए अधिकारियों को जनजागरूकता के लिए व्यापक प्रचार प्रसार करने के निर्देश दिए। उन्होंने गांव-गांव में कोटवारों के माध्यम से मुनागी कराने, मितानिनों, आंगनबाड़ी केंद्रों एवं स्कूलों में जन जागरूकता अभियान चलाने के निर्देश दिए। कलेक्टर ने बैठक में कहा कि सभी संबंधित अधिकारी मैदानी स्तर पर कार्य करें।

उन्होंने कहा कि सभी ग्रामवासियों को ओआरएस, जिंक टेबलेट का वितरण एवं उबाल कर पानी पीने के लिए प्रेरित करें। डायरिया के मरीज़ों को नियमित अंतराल पर जाँच किया जाए एवं गंभीर स्थिति होने पर हायर सेंटर में रेफ़र किया जाए। उन्होंने कहा कि जिन गांवों में डायरिया के प्रकरण निकल रहे हैं वहां अगले 15 दिवस तक प्रतिदिन मितानिनों के द्वारा प्रत्येक घर में जाकर डायरिया पीड़ित मरीज़ का सर्वे कर जानकारी लेने के निर्देश दिए हैं। उन्होंने स्वास्थ्य अमलों से कहा कि यदि आपके किसी भी स्वास्थ्य केंद्र में किसी गाँव से कोई डायरिया का मरीज़ आता है, तो तुरंत उस गाँव के सेक्टर सुपरवाइज़र, आरएचओ एवं मितानीन को डोर टू डोर जाकर सभी घरों की जानकारी संबंधित अधिकारी को उपलब्ध कराएंगे। उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य केंद्रों में किसी भी प्रकार की लापरवाही नहीं होनी चाहिए। इस अवसर पर जिलाधिकारी सहित सभी संबंधित विभाग के अधिकारी-कर्मचारी उपस्थित थे।