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CGPSC Scam: राजनांदगांव में CBI की दबिश, पूर्व परीक्षा नियंत्रक आरती वासनिक से जुड़ा है मामला

रायपुर। छत्तीसगढ़ के बहुचर्चित पीएससी घोटाला मामले में केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) का ताबड़तोड़ एक्शन जारी है। सूत्रों के मुताबिक, CBI ने आज राजनांदगांव में पूर्व परीक्षा नियंत्रक रही आरती वासनिक से जुड़े एक शख्स के घर पर छापा मारा है और उन्हें पूछताछ के लिए हिरासत में लिया गया है।

सीबीआई सूत्रों के अनुसार जांच एजेंसी ने 4 दिन पहले आरती वासनिक के राजनांदगांव स्थित घर पर दबिश दी थी। उस दौरान सीबीआई को कुछ ठोस सबूत मिले। उन्हीं साक्ष्य के आधार आज राजनांदगांव में यह कार्रवाई की गई। इस मामले में सीबीआई ने पूर्व चेयरमैन टामन सिंह सोनवानी और उद्योगपति श्रवण गोयल को पहले ही गिरफ्तार कर लिया है, और फिलहाल उनसे पूछताछ जारी है। दोनों ही न्यायिक रिमांड पर जेल में बंद हैं।

जानिए क्या है पूरा मामला

गौरतलब है कि कांग्रेस की भूपेश बघेल सरकार में साल 2019 से 2022 तक सीजीपीएससी परीक्षा के तहत भर्तियां हुई थीं। इसमें कैंडिडेट्स के सिलेक्शन प्रोसेस को लेकर विवाद बना। जिसके बाद ईओडब्ल्यू और अर्जुंदा पुलिस ने भ्रष्टाचार और अनियमितता के आरोप में मामला दर्ज किया। छत्तीसगढ़ लोक सेवा आयोग ने साल 2020 में 175 पदों पर भर्तियां की थीं। उसके बाद साल 2021 में 171 पदों पर भर्तियां हुई थीं। ये सारी भर्तियों को लेकर विवाद गहराया। तत्कालीन सीजीपीएससी के अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी पर यह भी आरोप लगे कि उन्होंने गलत तरीके से अपने कई रिश्तेदारों को नौकरी दी। इसकी जांच करने के बाद सीबीआई ने CGPSC के पूर्व अध्यक्ष टामन सिंह सोनवानी और छत्तीसगढ़ के स्टील कारोबारी श्रवण कुमार गोयल को गिरफ्तार किया था।