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मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने बगिया में पर्यावरण वाटिका का किया लोकार्पण

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ShivApr 6, 20253 min read

रायपुर।  अगर आप प्रकृति के बीच स्वच्छ वातावरण में अपने…

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने की मां दुर्गा की पूजा अर्चना

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ShivApr 6, 20251 min read

रायपुर।   मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने आज जशपुर जिले के…

मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने बगिया में 72 लाख की लागत से निर्मित हेलीपैड लाउन्ज का किया शुभारंभ

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ShivApr 6, 20251 min read

रायपुर।   मुख्यमंत्री विष्णु देव साय ने कांसाबेल विकास खंड के…

मध्यप्रदेश की शराब पर छत्तीसगढ़ का ठप्पा लगाने वाले गिरोह के तीन और सदस्य गिरफ्तार…

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ShivApr 6, 20252 min read

डोंगरगढ़। डोंगरगढ़ के ग्राम करवारी स्थित फार्म हाउस में नकली…

बिलासपुर में नहीं थम रहा धर्मांतरण का खेल, सरकंडा में हिंदू संगठन… दो पादरी समेत 6 पुलिस हिरासत में

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ShivApr 6, 20252 min read

बिलासपुर।  छत्तीसगढ़ के बिलासपुर में धर्मांतरण का मुद्दा थमने का…

April 6, 2025

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देश में लागू हुआ CAA, मोदी सरकार ने की अधिसूचना जारी, जानिए इससे किसको होगा फायदा

दिल्ली. लोकसभा चुनाव से पहले मोदी सरकार ने बड़ा ऐलान कर दिया है. मोदी सरकार नें भारत में CAA नियमों की अधिसूचना जारी कर दी है. आज से ही देश में नागरिकता संशोधन कानून यानी सीएए लागू हो जाएगा. दरअसल, CAA संसद से पारित हुए करीब पांच साल बीत चुके हैं. अब केंद्र सरकार आगामी लोकसभा चुनाव की तारीखों के ऐलान से पहले सीएए को देश में लागू करने जा रही है.

क्या CAA संवैधानिक है

भारतीय संसद में CAA को वर्ष 2019 में 11 दिसंबर को पारित किया गया था, जिसमें 125 वोट इसके पक्ष में पड़े थे और 105 वोट इसके खिलाफ थे. राष्ट्रपति ने इस विधेयक को 12 दिसंबर को मंजूरी दे दी थी.

क्या है CAA

नागरिकता संशोधन अधिनियम (CAA), 2019 एक ऐसा कानून है, जिसके तहत दिसंबर 2014 से पहले तीन पड़ोसी देश पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान से भारत में आने वाले 6 धार्मिक अल्पसंख्यकों (हिंदू, सिख, बौद्ध, जैन, पारसी और ईसाई) को नागरिकता दी जाएगी. लंबे समय से भारत में शरण लेने वालों को इससे बड़ी राहत मिलेगी.

गृह मंत्रालय की 2021-22 की वार्षिक रिपोर्ट के मुताबिक 1 अप्रैल 2021 से 31 दिसंबर 2021 तक पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान के इन गैर-मुस्लिम अल्पसंख्यक समुदायों के कुल 1,414 विदेशियों को भारतीय नागरिकता दी गई है. जिन 9 राज्यों में पाकिस्तान, बांग्लादेश और अफगानिस्तान के गैर-मुस्लिम अल्पसंख्यकों को नागरिकता दी गई है, वे गुजरात, राजस्थान, छत्तीसगढ़, हरियाणा, पंजाब, मध्य प्रदेश, उत्तर प्रदेश, दिल्ली और महाराष्ट्र हैं.