Special Story

तहसीलदार और नायब तहसीलदारों का हुआ तबादला, देखें लिस्ट…

तहसीलदार और नायब तहसीलदारों का हुआ तबादला, देखें लिस्ट…

Shiv Mar 9, 2026 2 min read

बिलासपुर। जिले में प्रशासनिक व्यवस्था को दुरुस्त करने के उद्देश्य से…

निर्विरोध राज्यसभा सांसद चुनी गईं लक्ष्मी वर्मा और फूलोदेवी नेताम, विधानसभा पहुंचकर लिया प्रमाण पत्र, समर्थकों ने दी बधाई

निर्विरोध राज्यसभा सांसद चुनी गईं लक्ष्मी वर्मा और फूलोदेवी नेताम, विधानसभा पहुंचकर लिया प्रमाण पत्र, समर्थकों ने दी बधाई

Shiv Mar 9, 2026 2 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ से भाजपा प्रत्याशी लक्ष्मी वर्मा और कांग्रेस प्रत्याशी फूलोदेवी…

अस्पताल परिसर में लगी भीषण आग, आधा दर्जन कंडम एंबुलेंस समेत अन्य वाहन जलकर खाक

अस्पताल परिसर में लगी भीषण आग, आधा दर्जन कंडम एंबुलेंस समेत अन्य वाहन जलकर खाक

Shiv Mar 9, 2026 1 min read

कोरबा। छत्तीसगढ़ के कोरबा स्थित जिला मेडिकल कॉलेज अस्पताल परिसर में…

बिलासपुर में अवैध हुक्का बार पर पुलिस की दबिश, होटल मैनेजर गिरफ्तार

बिलासपुर में अवैध हुक्का बार पर पुलिस की दबिश, होटल मैनेजर गिरफ्तार

Shiv Mar 9, 2026 2 min read

बिलासपुर। जिले में अवैध रूप से संचालित हुक्का बार पर…

March 9, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती पर भाजपा कार्यकर्ताओं ने अर्पित की पुष्पांजलि

रायपुर।  राजधानी रायपुर में आज भारतीय जनता पार्टी के कार्यकर्ताओं ने डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की जयंती हर्षोल्लास के साथ मनायी। रायपुर के शारदा चौंक स्थित परम श्रद्धेय डॉ श्यामा प्रसाद मुखर्जी की प्रतिमा पर माल्यार्पण कर उनके चित्र पर पुष्पांजलि अर्पित की गई। इस दौरान वक्ताओं ने उनके आदर्शों का पालन करने का आह्वान किया।इस अवसर पर आयोजित गोष्ठी को संबोधित करते मुख्य वक्ता जिला अध्यक्ष रमेश ठाकुर ने बताया कि भारत माता के इस वीर पुत्र का जन्म 6 जुलाई 1901 को एक प्रतिष्ठित परिवार में हुआ था। इनके पिता सर आशुतोष मुखर्जी बंगाल में एक शिक्षाविद् और बुद्धिजीवी के रूप में प्रसिद्ध थे। कलकत्ता विश्वविद्यालय से स्नातक होने के पश्चात डॉ मुखर्जी 1923 में सेनेट के सदस्य बने। अपने पिता की मृत्यु के पश्चात 1924 में उन्होंने कलकत्ता उच्च न्यायालय में अधिवक्ता के रूप में नामांकन कराया। 1926 में उन्होंने इंग्लैंड के लिए प्रस्थान किया जहां लिंकन्स इन कॉलेज से 1927 में बैरिस्टर की परीक्षा उत्तीर्ण की।

दक्षिण विधान सभा के विधायक सुनील सोनी ने कहा कि डॉ. मुखर्जी भारत की अखंडता और कश्मीर के विलय के दृढ़ समर्थक थे। उन्होंने अनुच्छेद 370 के प्रावधानों को भारत के बाल्कनीकरण की संज्ञा दी थी। अनुच्छेद 370 के राष्ट्रघातक प्रावधानों को हटाने के लिए भारतीय जनसंघ ने हिन्दू महासभा और रामराज्य परिषद के साथ सत्याग्रह आरंभ किया। डॉ. मुखर्जी 11 मई 1953 को कश्मीर में परमिट सिस्टम का विरोध किया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए मंडल अध्यक्ष विपिन शर्मा ने कहा कि डॉ मुखर्जी एक दक्ष राजनीतिज्ञ, विद्वान और स्पष्टवादी के रूप में वे अपने मित्रों और शत्रुओं द्वारा सामान रूप से सम्मानित थे। एक महान देशभक्त और संसद शिष्ट के रूप में भारत उन्हें सम्मान के साथ याद करता है।

इस अवसर पर रायपुर लोकसभा के सांसद बृजमोहन अग्रवाल, दक्षिण विधान सभा के विधायक सुनील सोनी, उत्तर विधान सभा विधायक पुरंदर मिश्रा, पश्चिम विधान सभा विधायक राजेश मूणत ,भाजपा रायपुर जिला अध्यक्ष रमेश ठाकुर, नगर पालिक निगम रायपुर महापौर मीनल चौबे, सभा पति सूर्यकांत राठौड़, सत्यम दुआ, पार्षद जोन 4 अध्यक्ष मुरली शर्मा, mic मेंबर पार्षद अमर गिदवानी, mic मेंबर पार्षद अवतार बागल, जोन 10 अध्यक्ष पार्षद सचिन मेघानी, सुभाष अग्रवाल, सोनू सलूजा, मृत्युंजय दुबे, पार्षद महेंद्र कोड़ियार, अकबर अली, भारती बागल, रमेश शर्मा, शंकर नगर मंडल के अध्यक्ष राम प्रजापति, छगन मूंदड़ा, अमरजीत चावला, जितेंद्र गडेचा, दलविंदर सिंह बेदी, अनुप खेलकर, गीता रेड्डी, नीलू तलमेल, सूरज शर्मा, संतोष निहाल, संतोष विश्वकर्मा, शकंर शर्मा, कान्हा ठाकुर, प्रणीत जैन के साथ जवाहर नगर मंडल, शंकर नगर मंडल, फाफाडीह मंडल,तेलीबांधा मंडल के पदाधिकारीगण/कार्यकर्ता, युवा मोर्चा एवं महिला मोर्चा की कार्यकर्तागण उपस्थित थे।