Special Story

कोटवार के पद पर खानदानी हक नहीं, योग्यता और चरित्र ही अहम…

कोटवार के पद पर खानदानी हक नहीं, योग्यता और चरित्र ही अहम…

Shiv Mar 12, 2026 2 min read

बिलासपुर। छत्तीसगढ़ हाईकोर्ट ने कोटवारों की नियुक्ति को लेकर कहा है…

नक्सलवाद की समाप्ति के बाद बस्तर अब विकास की तेज उड़ान के लिए तैयार : मंत्री रामविचार नेताम

नक्सलवाद की समाप्ति के बाद बस्तर अब विकास की तेज उड़ान के लिए तैयार : मंत्री रामविचार नेताम

Shiv Mar 12, 2026 5 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज कृषि एवं अनुसूचित जनजाति विकास…

पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति : बंद खाते या आधार सीडिंग न होने से अटकी है छात्रवृत्ति तो 15 मार्च तक सुधरवाने का मौका

पोस्ट मैट्रिक छात्रवृत्ति : बंद खाते या आधार सीडिंग न होने से अटकी है छात्रवृत्ति तो 15 मार्च तक सुधरवाने का मौका

Shiv Mar 12, 2026 2 min read

रायपुर। भारत सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता मंत्रालय द्वारा संचालित…

समुचित वित्तीय प्रबंधन के लिए हमारी सरकार दृढ़ संकल्पित : वित्त मंत्री ओपी चौधरी

समुचित वित्तीय प्रबंधन के लिए हमारी सरकार दृढ़ संकल्पित : वित्त मंत्री ओपी चौधरी

Shiv Mar 12, 2026 10 min read

रायपुर। छत्तीसगढ़ विधानसभा में आज वित्त मंत्री ओपी चौधरी के…

March 12, 2026

Apni Sarkaar

जो कहेंगे सच कहेंगे

खैरागढ़ संगीत विश्वविद्यालय में विवादों के बीच डॉ. लवली शर्मा ने संभाला कुलपति का पदभार, ABVP के विरोध पर कांग्रेस विधायक ने कही यह बात…

खैरागढ़।    छत्तीसगढ़ के खैरागढ़ संगीत विश्वविद्यालय में इन दिनों मधुर सुर-ताल की जगह विरोध और आरोपों की गूंज सुनाई दे रही है. नई कुलपति की नियुक्ति को लेकर ABVP छात्र संघ लगातार विरोध कर रहे हैं. इन विवादों के बीच डॉ. लवली शर्मा ने बेबाकी से कुलपती का पदभार संभाल लिया है. लेकिन इस नियुक्ति को लेकर सियासत अभी खत्म नहीं हुई है…

डॉ. लवली शर्मा ने अपने ऊपर लगे आरोपों को लेकर दिया बयान

बता दें, बीते दिन कार्यभार ग्रहण करने से पहले डॉ. शर्मा सीधे दंतेश्वरी माता मंदिर पहुंचीं. वहां उन्होंने पूजा-अर्चना कर अपनी नई जिम्मेदारियों के लिए आशीर्वाद लिया. फिर वे विश्वविद्यालय परिसर पहुंचीं और राजा-रानी व राजकुमारी इंदिरा की प्रतिमाओं पर माल्यार्पण कर नमन किया. यह एक परंपरागत शुरुआत थी. कुछ ही देर बाद नव नियुक्त कुलपति डॉ. शर्मा मीडिया से रूबरू हुईं. इस दौरान उन्होंने अपने ऊपर लगे आरोपों पर उन्होंने कहा कि “अगर कोई यह साबित कर दे कि मैंने कहीं दो रुपये का भी भ्रष्टाचार किया है, तो मैं मान लूंगी कि मैं हार गई…” उन्होंने आगे कहा कि विश्वविद्यालय को फिर से A ग्रेड दिलाना, रिसर्च के स्तर को ऊंचा उठाना और छात्रों को आत्मविश्वासी बनाना उनकी प्राथमिकता होगी.

विश्वविद्यालय को लेकर सियासत और हुआ तेज

इधर विश्वविद्यालय परिसर में अखिल भारतीय विद्यार्थी परिषद (ABVP) का प्रदर्शन उग्र होता जा रहा था. लगातार दो दिन से चल रहे इस विरोध ने रविवार की रात नया मोड़ ले लियाथा. ABVP के छात्रों ने कुलपित के विरोध में रविवार को रातभर जमकर हंगामा किया. कलेक्टर एसपी और पुलिस बल रात भर वहां तैनात रहे. हालांकि प्रदर्शनकारियों पर कोई कार्रवाई नहीं की गई. यही बात अब कांग्रेस को चुभ गई. 

विधायक प्रतिनिधि मनराखन देवांगन ने कहा,“अगर यही प्रदर्शन एनएसयूआई (NSUI) ने किया होता, तो अब तक छात्रों पर FIR हो चुकी होती. लेकिन ABVP को सरकार का खुला संरक्षण मिला हुआ है. ये दोहरा मापदंड नहीं तो और क्या है?” कुलपति की नियुक्ति पर कांग्रेस का आरोप है कि छत्तीसगढ़ में कई काबिल और ईमानदार प्रोफेसर हैं, जिन्हें मौका मिलना चाहिए था. लेकिन उन्हें नजरअंदाज कर एक विवादित महिला को कुलपति बनाना राज्य की शिक्षा व्यवस्था और सम्मान के खिलाफ है.

अब आगे क्या..?

डॉ. लवली शर्मा ने तमाम विरोधों के बावजूद कुर्सी संभाल ली है. लेकिन उनकी नियुक्ति पर उठते सवाल और ABVP के आंदोलन ने सरकार को असहज कर दिया है. अब देखना दिलचस्प होगा कि सरकार किस दिशा में कदम उठाती है? क्या ABVP पर कार्रवाई होगी? या कुलपति की नियुक्ति पर पुनर्विचार किया जाएगा? 

फोटो: खैरागढ़ युनिवर्सिटी में अब तक कुलपतियों के कार्यकाल का विवरण.